वाराणसी, 15 अप्रैल 2018, इंडिया इनसाइड न्यूज़।
काशी हिंदू विश्वविद्यालय में दाखिला के लिए प्रवेश परीक्षा का शुभारंभ हो गया है। तीन पारियों में हो रहे प्रवेश परीक्षा के तहत देश के 12 शहरों में रविवार को सुबह की पारी दौरान हिंदी से अंग्रेजी अनुवाद में हुई गड़बड़ी के कारण एक प्रश्न को निरस्त कर दिया गया। बता दें कि परीक्षार्थियों द्वारा उठाए गए सवाल पर प्रश्न के जवाब पर प्रशासन ने राहत प्रदान करते हुए सभी को अंक देने का फैसला लिया है। ऐसे में प्रश्न बिना हल किए ही सभी परीक्षार्थियों को तीन-तीन नंबर का फायदा होगा। विश्वविद्यालय में परीक्षा के लिए 29 केंद्र बनाए गए हैं, जिसमें तीन पारियों में लगभग छत्तीस हजार अभ्यार्थी शामिल हुए।
सुबह जब कुलपति प्रो• राकेश भटनागर निरीक्षण पर थे तभी कला संकाय के सीएचएस ओल्ड बिल्डिंग में एक छात्रा ने 26वें प्रश्न के बारे में शिकायत की कि इसके अनुवाद में त्रुटि है। इस पर कुलपति ने अधिकारियों को इस मामले को तत्काल निपटाने के निर्देश दिए। ऐसी ही शिकायत अन्य केंद्रों पर भी मिली। परीक्षा नियंता एम• के• पाण्डेय ने बताया कि त्रुटि थी जिस पर सभी को समान नंबर दिया जाएगा।
इस बार वाराणसी के बाद सबसे अधिक सेंटर पटना में बनाए गए हैं। बिहार प्रांत से आने वाले अधिकतर परीक्षार्थी अब पटना में ही परीक्षा दे सकेंगे। बीएचयू ने वाराणसी में सिर्फ अपने ही कैंपस में सेंटर बनाया है। इसके अलावा दिल्ली, कोलकाता, लखनऊ, इलाहाबाद, गोरखपुर, झांसी, भोपाल, रांची, गुवाहाटी और जयपुर में भी परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। बीएचयू के विभिन्न स्नातक और परास्नातक पाठ्यक्रमों में प्रवेश के लिए 15 अप्रैल से 27 मई के बीच प्रवेश परीक्षाएं आयोजित हो रही हैं। पहली परीक्षा रविवार को आयोजित हुई।
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