केंद्रीय गृहमंत्री पासिंग आउट परेड में शामिल हुए



☆ राजनाथ सिंह ने सीआईएसएफ से विशेषज्ञता संपर्क विंग बनाने तथा नियमित साइबर सुरक्षा ऑडिट करने को कहा

09 अक्टूबर। केन्द्रीय गृहमंत्री राजनाथ सिंह ने कहा है कि साइबर आंतकवाद की किसी भी घटना से निपटने के लिए केंद्रीय औद्योगिकी सुरक्षा बल (सीआईएसएफ) को उन्नत बनाना होगा और तकनीकी रूप से अग्रणी रहना होगा। आज तमिलनाडु के वैल्लोर जिले के अराकोन्नम में सीआईएसएफ के क्षेत्रीय प्रशिक्षण केन्द्र (आरटीसी) में सहायक कमांडेंट, सब-इंस्पेक्टर (एसीक्यूटिव) तथा असिस्टेंट सब-इंस्पेक्टर (एग्सीक्यूटिव) के पासिंगआउट परेड को संबोधित कर रहे थे। राजनाथ सिंह ने कहा कि सीआईएसएफ में एक विशेषज्ञता संपन्न विंग होना चाहिए और सीआईएसएफ को वैसा बल बनना चाहिए जो नियमित रूप से साइबर सुरक्षा का आकलन करे और साइबर आतंकवाद से निपटने की क्षमता विकसित करे।

उन्होंने कहा कि विश्व के अनेक देश साइबर आतंकवाद का सामना कर रहे हैं। साइबर आतंकी महत्वपूर्ण संस्थानों, भवनों तथा प्रतिष्ठानों पर हमला करने के लिए डिजिटल मार्गों का उपयोग करते हैं।

सीआईएसएफ से सभी महत्वपूर्ण भवनों तथा प्रतिष्ठानों की साइबर सुरक्षा आकलन करने को कहा। उन्होंने कहा कि सीआईएसएफ को इन आकलन रिपोर्ट के आधार पर सुरक्षा व्यवस्था करनी चाहिए और नए प्रौद्योगिकी समाधानों को अपनाना चाहिए। सीआईएसएफ को आतंकवाद के विरुद्ध सक्षम बने रहना चाहिए ताकि कोई भी आतंकवादी समूह हमारे रणनीतिक प्रतिष्ठानों पर हमला न करे। भारत विश्व की सबसे तेजी से बढ़ने वाली अर्थव्यवस्थाओँ में एक है इसलिए कुछ निश्चित भारत विरोधी बल आर्थिक क्षेत्र में भारत की प्रगति का सहन नहीं कर पा रहे हैं।

केन्द्रीय सशस्त्र बलों में सबसे अधिक महिलाएं सीआईएसएफ में है, इस पर संतोष प्रकट करते हुए उन्होंने कहा कि उन्हें विश्वास है कि सीआईएसएफ पहला केंद्रीय बल होगा जो महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण के लक्ष्य को प्राप्त करेगा। सीआईएसएफ ने अपनी 48 वर्षों की यात्रा में अनेक मिल के पत्थर रखे हैं। वैश्विकरण और उदारीकरण में तेज वृद्धि के साथ सीआईएसएफ का विस्तार हुआ है। परेड की सराहना करते हुए केंद्रीय गृहमंत्री ने सीआईएसएफ प्रोबेशनरों को प्रशिक्षित करने वाले प्रशिक्षकों को बधाई दी। उन्होंने कहा कि किसी भी बल का महत्वपूर्ण स्तंभ प्रशिक्षण है। उन्होंने आशा व्यक्त की कि प्रशिक्षण से प्रोबेशनरों को अपने कर्तव्य निर्वहन में मदद मिलेगी।

केंद्रीय गृहमंत्री ने दीक्षांत परेड के दौरान पदक और पुरस्कार भी प्रदान किया। राजनाथ सिंह ने बाद में आरटीसी में सब-ऑफिसर्स लेडीज होस्टल की आधारशिला रखी। इस अवसर पर सीआईएसएफ के महानिदेशक ओ• पी• सिंह तथा अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।

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