हावड़ा, 31 जनवरी 2018, इंडिया इनसाइड न्यूज़।
ये वही लोग है जो आपसे सम्बंधित संगठन की ताकत है। कुछ पल ही बीते होंगे जब ये लोग आप के सुर में सुर मिलाते आपके इनके संगठन की पहचान अपना वही रंग का झण्डा लिए गुणगान करते फिरते। भले ही आपको ये जल के कुछ बूंदों की भांति नजर आते होगे मगर शायद आप भूले तो न होंगे कि बूंद बूंद जल से ही विशाल महान समुद्र हैं।
पिछले दिनों रेलवे प्रशासन द्वारा हावड़ा स्टेशन स्थित स्टाॅलों को घेराबंदी कर तोड़ा गया व ट्रालियों को जब्त किया गया। कागज पर मात्र 19 लोग के नाम थे जिनके साथ यह व्यवहार हुआ मगर इन 19 से लगभग 80 लोग बेरोजगार हुए और इन 80 लोग से सैकड़ों सदस्य परिवार के प्रभावित हुए। तो फिर रोष होना तो लाजमी है।
पश्चिम बंग असंगठित ट्रेड यूनियन सेल "पी•ए•टी•यू•सी•" की अगुवाई में हावड़ा रेलवे स्टेशन वेण्डर्स व हेल्पर्स मोर्चा द्वारा सिर पर काला पट्टी, हाथों में काला झण्डा व पत्तल लिए समूचे स्टेशन परिसर सहित मण्डल रेलवे प्रबंधक मुख्यालय के सामने प्रतिवाद किया गया। प्रतिवाद दौरान धरातल पर बैठेते हुए स्वर में स्वर मिलाते हुए कहा गया "भारत सरकार खाना दो", "डीआरएम खाना दो"। साथ साथ हाईकोर्ट के अधिवक्ता द्वारा अग्रेसित नोटिस भी लगाया गया तथा आगामी काल 2 बजे अपराह्न से लगातार धरना प्रदर्शन व भूख हड़ताल की घोषणा की गयी।
खबर यह भी है कि भाटपाड़ा के चेयरमैन व तृणमूल कांग्रेस विधायक अर्जुन सिंह भी इनके समर्थन में हैं व आगामी काल शाम 4 बजे इन लोगों से मिलेंगे। तत्पश्चात इनकी मुलाकात पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी से करवाएंगे। उन्होंने आश्वासन भी दिया कि आप लोगों के साथ न्याय होगा।