नाम वापस लेने के दबाव से बचने के लिए भाजपा नेता हुए भूमिगत



---रंजीत लुधियानवी, कोलकाता, 12 अप्रैल 2018, इंडिया इनसाइड न्यूज़।

पंचायत चुनाव में विरोधी दल की ओर से नामांकन तो दाखिल कर दिया गया है, लेकिन आशंका जताई जा रही है कि सत्ताधारी तृणमूल कांग्रेस की ओर से दबाव डाल कर उन्हें नाम वापस लेने के लिए मजबूर किया जा सकता है। जबकि भाजपा की ओर से नाम वापस लेने के दबाव से बचने के लिए भूमिगत होने की रणनीति अपनाई गई है। उत्तर चौबीस परगना जिले में कई जगह नामांकन भरने के बाद भाजपा उम्मीदवार इलाका छोड़ कर चले गए हैं। बताया जाता है कि कोई रिश्तेदार के यहां तो कोई दूसरे जिले के पार्टी कार्यालय में जाकर रह रहे हैं। नाम वापस लेने की अंतिम तारीख बीत जाने के बाद वे लोग वापस लौट आएंगे।

दूसरी ओर, माकपा की ओर से अपने उम्मीदवारों को निर्देश दिए गए हैं कि रण छोड़ने के बजाए इलाके में डटे रहें। हालांकि आरोप लगाया जा रहा है कि बैरकपुर महकमे के तीन ब्लाक के ज्यादातर इलाके में उम्मीदवारों को नाम वापस लेने के लिए दबाव डाला जा रहा है। जबकि तृणमूल कांग्रेस की ओर से आरोप का खंडन करते हुए उसे निराधार बताया गया है।

मालूम हो कि नामांकन शुरू होने के बाद हरिणघाटा, चाकदह और कल्याणी ब्लाक में विरोधी दल के उम्मीदवारों को नामांकन दाखिल करने से रोकने के आरोप लगाए गए हैं। भाजपा के नदिया दक्षिण जिले के अध्यक्ष जगन्नाथ सरकार का आरोप है कि नामांकन के बाद से सत्ताधारी दल की ओर से नाम वापस लेने के लिए धमकाया जा रहा है। दबाव से बचाने लिए उम्मीदवारों को सुरक्षित स्थान पर रखा गया है। महिला उम्मीदवारों को उनके रिश्तेदारों के घर में भेजा गया है। जबकि पुरुष उम्मीदवार को दल के कार्यालय में रखा गया है। नामांकन वापस लेने की तारीख के बाद वे अपने इलाकों में लौट जाएंगे।

माकपा के नदिया जिला सचिव सुमीद दे भी आरोप लगाते हुए कहते हैं कि हमारे उम्मीदवारों को नाम वापस लेने के लिए दबाव डाला जा रहा है। इसके बाद भी हम लोगों ने इलाका छोड़ कर नहीं जाने का निर्देश दिया है। इसका कारण यह है कि हम दबाव के आगे झुकने के लिए तैयार नहीं हैं। हालांकि दबाव और धमकियां मिलने पर दल के नेताओं को सूचित करने के लिए कहा गया है।

इस बारे में नदिया जिले के तृणमूल कांग्रेस अध्यक्ष ने विरोधियों के आरोप को निराधार बताते हुए कहा है कि कहीं भी हिंसा नहीं हुई है और किसी को नामांकन दाखिल करने से रोका नहीं गया है। हमारे जिले में बसपा के कई उम्मीदवारों ने भी पर्चे भरे हैं। भाजपा उम्मीदवारों के इलाका छोड़ कर भूमिगत होने के बारे में पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि भाजपा उम्मीदवार विदेश में रहने का दावा करें या दूसरे किसी ग्रह में, ऐसी अफवाहों का इलाके के लोगों पर असर पड़ने वाला नहीं है।

ताजा समाचार

National Report



Image Gallery
इ-अखबार - जगत प्रवाह
  India Inside News