अपने कर्तव्‍य के प्रति अनुकरणीय निष्‍ठा दर्शाते हुए सतर्क ट्रेन ड्राइवर ने संभावित दुर्घटना टाली



08 मई 2018, इंडिया इनसाइड न्यूज़।

● अपने कर्तव्‍य के प्रति अनुकरणीय निष्‍ठा दर्शाते हुए सतर्क ट्रेन ड्राइवर ने संभावित दुर्घटना टाली, ड्यूटी निभाते वक्‍त घायल हुए सहायक ट्रेन ड्राइवर की मौत

प्रत्‍येक रेल कर्मी का अनुकरणीय दृष्टिकोण, सूझबूझ और अपने कर्तव्‍य के प्रति पूर्ण निष्‍ठा उनके सहयोगियों के लिए बार-बार एक बेहतरीन उदाहरण पेश करता रहा है। कुछ ऐसा ही अनुकरणीय उदाहरण 6 मई, 2018 को शाम 16.56 बजे तब देखने को मिला जब डी• एल• ब्रम्‍हे, ट्रेन ड्राइवर (लोको पायलट), नागपुर की नजर तलनी-धामनगांव के बीच ट्रेन संख्‍या 12810 हावड़ा-छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस मेल के इंजन या लोको (एसआरसी/डब्‍ल्‍यूएपी-4) में निकलते धुएं पर पड़ी। ट्रेन ड्राइवर डी• एल• ब्रम्‍हे ने तत्‍काल आपातकालीन ब्रेक लगाया एवं आग बुझाने के लिए अग्निशामक का इस्‍तेमाल किया और इस तरह से एक बड़ी संभावित दुर्घटना सफलतापूर्वक टाल कर कई यात्रियों की जान बचाई। ट्रेन ड्राइवर की इस सूझबूझ से किसी भी यात्री को खरोंच तक नहीं आई। फिर इसके बाद इंजन को बदल दिया गया और ट्रेन आगे की यात्रा के तहत मुम्‍बई के लिए प्रस्‍थान कर गई। इस मामले में रेल सुरक्षा आयुक्त (सेंट्रल सर्किल) के उच्चतम स्तर पर जांच के आदेश दे दिए गए हैं।

इस प्रक्रिया के दौरान सहायक ट्रेन ड्राइवर एस• के• विश्‍वकर्मा अपने सामान्‍य प्रोटोकॉल या आधिकारिक कामकाज के तहत इंजन का निरीक्षण कर रहे थे और इस प्रक्रिया में वह दुर्भाग्‍यवश ट्रेन से नीचे गिर गए। उन्‍हें तत्‍काल एम्‍बुलेंस से अस्‍पताल पहुंचाया गया, लेकिन दुर्भाग्‍यवश उनकी जान नहीं बचाई जा सकी। ड्यूटी निभाते वक्‍त घायल हुए विश्‍वकर्मा की जान तो नहीं बचाई जा सकी, लेकिन उन्‍होंने एक बड़ी दुर्घटना टाल कर इस ट्रेन के सैकड़ों यात्रियों की जान बचाई। सहायक लोको पायलट, नागपुर एस• के• विश्‍वकर्मा की दुर्भाग्‍यपूर्ण मौत पर नागपुर और मध्‍य रेलवे के प्रत्‍येक अन्‍य प्रभाग (डिवीजन) में शोक प्रार्थना आयोजित की गई।

हम रेल यात्रियों की सुरक्षा एवं सुरक्षित आवाजाही के लिए इस तरह का अनुकरणीय उदाहरण बार-बार पेश करने वाले निष्‍ठावान रेल कर्मियों के साहस को नमन करते हैं। भारतीय रेलवे सही अर्थों में राष्ट्र की जीवन रेखा है।

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