* हावड़ा नवज्योति के प्रतिनिधियों ने राजभवन में की महामहिम से मुलाकात
* राज्यपाल केशरी नाथ त्रिपाठी ने की संस्था के कार्यों की सराहना
* संंस्था को समाज के लिए बताया प्रेरणापुंज, दी शुभकामनाएं
कोलकाता/हावड़ा, 13 सितम्बर। समाज तमाम तरह की चुनौतियों से घिरा है। कहीं निर्धनता है, कहीं शिक्षा का अभाव है, कहीं अवसरों की कमी है। ऐसे में समाज सेवी संस्थाओं का दायित्व बहुत बढ़ जाता है। महामहिम केशरी नाथ त्रिपाठी ने कुछ शब्दों में हावड़ा नवज्योति के औचित्य और लक्ष्य दोनों को ही रेखांकित कर दिया।
महामहिम ने मंगलवार 12 सितम्बर को राजभवन में संस्था के प्रतिनिधियों से मुलाकात की। एक अभिभावक की मुद्रा में महामहिम ने संस्था की विभिन्न गतिविधियों की जानकारी ली। प्रतिनिधिमंडल में शामिल संस्था की मार्गदर्शक व कलकत्ता विश्वविद्यालय में हिंदी की विभागाध्यक्ष प्रोफेसर डा• राजश्री शुक्ला ने संस्था का परिचय महामहिम से कराया। उन्होंने महामहिम को बताया कि कैसे कलकत्ता विश्वविद्यालय के कुछ छात्रों के समूह ने बिना किसी आर्थिक सहायता के खुद की कमाई से समाज को बदलने की ठानी है।
इसके पश्चात संस्था के प्रभात मिश्र, संजीत सिंह व विश्वजीत जायसवाल ने संस्था के कार्यों का विवरण दिया। उन्होंने महामहिम को बताया कि संस्था शहरी व ग्रामीण दोनों ही इलाकों में जरूरतमंद छात्रों की शिक्षा व स्वास्थ के लिए काम करती है। उन्होंने हावड़ा के साथ बिहार के अतिपिछड़े इलाके मुरथल में जारी अपने कार्यों का उल्लेख किया। साथ साथ ग्रामीण इलाकों में बच्चियों को सामाजिक रूप से सशक्त करने का भी विशेष उल्लेख किया गया।
संस्था के कार्यों से प्रभावित होकर महामहिम ने भविष्य में और बेहतर कार्य करने का निर्देश देते हुए सभी पदाधिकारियों व सदस्यों को शुभकानाएं दी। इसके पहले संस्था के प्रभात मिश्र ने फूलों का गुलदस्ता भेंट कर, संजीत सिंह ने अंगवस्त्र ओढ़ा कर और विश्वजीत जायसवाल ने संस्था का स्मृतिचिन्ह अर्पित कर महामहिम से आशीर्वाद लिया। मौके पर संस्था द्वारा भेंट की गई हाथ से बनी पोट्रेट देख महामहिम अति प्रसन्न हुए। सहर्ष स्वीकार करते हुए उन्होंने बंग प्रदेश की ऐसी प्रतिभाओं की प्रशंसा की।