भारतीय अंतरदेशीय जल मार्ग प्राधिकरण द्वारा गंगा किनारे वृहद जन सुगमता



19 जुलाई 2018, इंडिया इनसाइड न्यूज़।

भारतीय अंतरदेशीय जल मार्ग प्राधिकरण (आईडब्ल्यूएआई) ने जलमार्गों के जरिये संपर्क बनाकर ग्रामीण अर्थव्यवस्था में तेजी लाने के संबंध में राष्ट्रीय जलमार्ग-1 पर गंगा नदी के किनारे वृहद जन सुगमता पहल की शुरूआत की है। वाराणसी से हल्दिया तक एक महीने तक चलने वाले लंबे संवाद के अंग से रूप में आईडब्ल्यूएआई ने 17-18 जुलाई, 2018 को गाजीपुर जिले के जमानिया, कटारिया, पुरैना, सराय मोहम्मदपुर, चोचकपुर, जल्लापुर, डूंगरपुर गांवों के किसानों और व्यापारियों के साथ दो दिवसीय चर्चा की।

अधिकारियों ने गंगा नदी पर 5369 करोड़ रुपये की जलमार्ग विकास परियोजना के बारे में जानकारी प्रदान की। इस चर्चा में सैकड़ों लोगों ने भागीदारी की और सबने परियोजना के प्रति उत्साह और उम्मीद व्यक्त की। समुदायों तक की जाने वाली इस पहुंच में विभिन्न पृष्ठभूमि के लोगों ने हिस्सा लिया, जिनमें गैर सरकारी संगठन, पंचायत प्रधान, किसान और अन्य समुदायों के सदस्य शामिल थे।

पूर्वी उत्तर प्रदेश में गंगा के किनारे स्थित इस इलाके में हरी मिर्च, टमाटर, बैंगन, प्याज, फूलगोभी, केला, पपीता इत्यादि भारी मात्रा में पैदा होते हैं, लेकिन बेहतर आपूर्ति श्रृंखला, संपर्कता और भंडारण संरचना के अभाव में ये उत्पाद अन्य शहरों के बाजारों में नहीं पहुंच पाते। ये उत्पाद प्रायः खराब हो जाते हैं। आईडब्ल्यूएआई जल विकास परियोजना के अंतर्गत गाजीपुर में 155 करोड़ रुपये की लागत से इंटर मोडल टर्मिनल बना रहा है। इसके बन जाने से राष्ट्रीय जलमार्ग-1 के जरिये बंगाल की खाडी के क्षेत्र के आसपास स्थित बाजारों तक सीधी पहुंच हो जाएगी।

5369 करोड़ रूपये की लागत वाली जलमार्ग विकास परियोजना जिन चार राज्यों से गुजरेगी वहां डेढ़ लाख से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार उपलब्ध होंगे। समावेशी विकास के दायरे में हितधारकों को लाने के लिए संवाद प्रक्रिया शुरू हो गई है। जलमार्ग विकास परियोजना संबंधी विश्व बैंक आर्थिक विश्लेषण के अनुसार अकेले उत्तर प्रदेश में 50 हजार रोजगार पैदा होंगे।

जलमार्ग विकास परियोजना से वाराणसी से हल्दिया तक भारी मालवाहकों के आवागमन की सुविधा तो होगी ही, इसके साथ गंगा किनारे के किसानों और स्थानीय समुदायों को भी लाभ होगा। कृषि उत्पादों, सब्जियों, डेयरी उत्पादों इत्यादि के लिए छोटे मालवाहकों के आवागमन की सुविधा बनाने के संबंध में छोटे जहाजों, छोटी गोदियों और नौका सेवाओं पर विचार किया जा रहा है।

आईडब्ल्यूएआई युवाओं, मल्लाहों और अन्य समुदायों के सदस्यों को आवश्यक कौशल प्रशिक्षण देने के लिए राज्य आजीविका मिशनों के साथ काम कर रहा है, ताकि इनके लिए भी रोजगार अवसर पैदा हो सकें।

ताजा समाचार

National Report



Image Gallery
इ-अखबार - जगत प्रवाह
  India Inside News