---रंजीत लुधियनवी, कोलकाता, 03 मार्च 2019, इंडिया इनसाइड न्यूज़।
केंद्र की ओर से सेनाओं को लेकर वोट बटोरने की राजनीति और विरोधियों के सवाल पूछने पर टिप्पणी का कड़ा जवाब देते हुए तृणमूल कांग्रेस ने रविवार को एक बार फिर शाह-मोदी पर जोरदार हल्ला बोला है। पाकिस्तान में हुए हवाई हमलों पर सवाल उठाने के लिए विपक्ष की आलोचना करने वाले भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की खिंचाई करते हुए राज्य में सत्तारुढ़ तृणमूल कांग्रेस ने रविवार को कहा कि शाह को देशभक्ति पर दूसरों को भाषण नहीं देना चाहिए। वे खुद ही विभाजन और नफरत की राजनीति के कट्टर समर्थक हैं। तृणमूल के राष्ट्रीय प्रवक्ता डेरेक ओ ब्रायन ने कहा कि भाजपा को इन हमलों का श्रेय नहीं लेना चाहिए क्योंकि सशस्त्र बल भारत के हैं, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी या शाह के नहीं।
उन्होंने कहा कि अमित शाह व भाजपा विभाजन व नफरत की राजनीति के सबसे बुरे समर्थक हैं। हम देशभक्ति पर उनका भाषण सुनने के लिए तैयार नहीं हैं। सशस्त्र बल भारत के हैं मोदी या शाह की भाजपा के नहीं। डेरेक ने अपने एक ट्वीट में कहा कि स्वाधीनता आंदोलन के दौरान घुटने टेकने वाले लोग अब देशभक्ति पर भाषण दे रहे हैं। उन्होंने राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का जिक्र करते हुए कहा कि पूरे स्वाधीनता आंदोलन के दौरान खाकी चड्ढी पहनने वाले लोग मेजों के नीचे छिपे थे। वही लोग अब देशभक्ति का प्रमाणपत्र बांट रहे हैं।
ध्यान रहे कि शाह ने शनिवार को कहा था कि जिन लोगों में सत्ता में रहने के दौरान आतंकवादियों को मुंहतोड़ जवाब देने व सैनिकों की हत्या का बदला लेने का साहस नहीं था वे सस्ती राजनीति के लिए हाल के हवाई हमलों पर सवाल उठा रहे हैं। उनके बयानों से पाकिस्तान खुश है। मध्यप्रदेश में भाजपा की संकल्प रैली में शाह ने कहा था कि विपक्ष को सस्ती राजनीति से बचना चाहिए। सेना के दावों पर संदेह नहीं किया जा सकता।
इससे पहले ममता बनर्जी ने वृहस्पतिवार को भारतीय वायु सेना की ओर से पाक में जैश-ए-मोहम्मद के प्रशिक्षण शिविरों पर हमले के सबूत मांगे थे। मुख्यमंत्री ने कहा था कि विपक्षी दल पूरे अभियान का ब्योरा जानना चाहते हैं।