सरकार देश के पूर्वोत्तर राज्यों के छात्रों के लिए शिक्षण संस्थानों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बेहतर अवसंरचना उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है



नई दिल्ली,
इंडिया इनसाइड न्यूज़।

केन्द्रीय मानव संसाधन विकास मंत्री रमेश पोखरियाल ‘निशंक’ ने कहा है कि सरकार पूरे भारत में और विशेष रूप से देश के पूर्वोत्तर राज्यों के छात्रों के लिए शिक्षण संस्थानों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बुनियादी ढाँचें में सुधार के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने बताया कि इस बारे में, सरकार ने इस साल कुछ बड़े फैसले लिए हैं। सरकार ने यांगयांग में 986.47 करोड़ रुपए की लागत से सिक्किम विश्वविद्यालय (एक केन्द्रीय विश्वविद्यालय) का स्थायी परिसर बनाने की अनुमति दी है। सिक्किम सरकार ने इसके लिए 15 करोड़ रुपए की लागत से 300 एकड़ भूमि आवंटित की है, जिसमें से 265.94 एकड़ जमीन पहले ही विश्वविद्यालय को सौंप दी गई है। शेष भूमि को सौंपने की प्रक्रिया चल रही है।

केन्द्रीय मंत्री ने यह भी बताया कि सरकार ने पहले ही अरुणाचल प्रदेश, मिजोरम, मेघालय, नगालैंड, दिल्ली और पुड्डुचेरी में 6 एनआईटी बनाए जाने के लिए 4371.90 करोड़ रुपए के संशोधित लागत अनुमानों को मंजूरी दे दी है। ये एनआईटी 31 मार्च, 2022 तक अपने स्थायी परिसरों से पूरी तरह काम करना शुरु कर देंगे। ये परिसर कुल 6320 छात्रों की क्षमता वाले होंगे।

ताजा समाचार


National Report




Image Gallery
इ-अखबार - जगत प्रवाह
  India Inside News