जितेन्द्र मिश्रा, मुम्बई।
राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री नारायण राणे की भाजपा में शामिल होने की अटकलों पर विराम लग गया है जिसका संकेत देते हुए शुक्रवार को राज्य के महसूल मंत्री चंद्रकांत पाटिल ने कहा कि पार्टी के कोर कमेटी की बैठक में राणे को लेकर कोई विचार-विमर्श नहीं किया गया। उन्होंने यह भी साफ़ कर दिया कि राणे बीजेपी के किसी नेता के सम्पर्क में नहीं हैं। पाटिल के बयान के बाद राणे को ले कर अनिश्चितता का माहौल बन गया है। एक सवाल के जवाब में राजस्व मंत्री ने कहा कि उन्होंने कभी यह नहीं कहा था कि यदि राणे बीजेपी में शामिल होते हैं तो वे पीडब्ल्यूडी विभाग छोड़ने को तैयार हैं। मेरे बयान का गलत अर्थ निकाला गया। बतादे कि बीते गुरुवार को राणे कांग्रेस और विधानपरिषद सदस्य से इस्तीफा दिए थे और प्रदेश अक्ष्यक्ष अशोक चव्हाण सहित कांग्रेस के वरिष्ठ नेताओं पर यह आरोप लगाया था कि उन्हें मुख्यमंत्री पद के नाम पर गुमराह किया गया।